Vishwakarma Jayanti 2026: विश्वकर्मा जयंती के अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने भगवान विश्वकर्मा को सृजन, कौशल और…
Vishwakarma Jayanti 2026: विश्वकर्मा जयंती के अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने भगवान विश्वकर्मा को सृजन, कौशल और निर्माण का आराध्य बताते हुए हस्तशिल्पियों, कारीगरों, शिल्पकारों और अभियंताओं को भी बधाई दी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि भगवान विश्वकर्मा की पूजा केवल धार्मिक आस्था का विषय नहीं है, बल्कि यह श्रम, हुनर और निर्माण के सम्मान की भी प्रेरणा देती है। उन्होंने प्रदेश के कारीगरों और पारंपरिक शिल्प से जुड़े लोगों से अपने कौशल के जरिए राष्ट्र निर्माण में योगदान देने का आह्वान किया।
सीएम योगी ने कहा कि भगवान विश्वकर्मा सृजन और निर्माण की भारतीय परंपरा के प्रतीक हैं। उनके प्रति आस्था समाज में श्रम और कौशल के महत्व को रेखांकित करती है।
उन्होंने कहा कि कारीगरों, शिल्पकारों, तकनीकी विशेषज्ञों और अभियंताओं के योगदान से देश की अर्थव्यवस्था और निर्माण क्षेत्र को मजबूती मिलती है। ऐसे में पारंपरिक हुनर को आधुनिक तकनीक से जोड़कर नई संभावनाएं पैदा की जा सकती हैं।
मुख्यमंत्री ने केंद्र सरकार की प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना और उत्तर प्रदेश सरकार की विश्वकर्मा श्रम सम्मान योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि इन योजनाओं के माध्यम से पारंपरिक कारीगरों को आगे बढ़ाने का प्रयास किया जा रहा है।
इन योजनाओं का उद्देश्य कारीगरों को उनके पारंपरिक व्यवसाय में बेहतर अवसर उपलब्ध कराने के साथ उनके कौशल को आधुनिक जरूरतों के अनुरूप विकसित करना है।
सीएम योगी के मुताबिक, कारीगरों और शिल्पकारों को आगे बढ़ाने के लिए केवल आर्थिक सहायता पर्याप्त नहीं है। उन्हें प्रशिक्षण, आधुनिक उपकरण, वित्तीय सहायता और बाजार उपलब्ध कराना भी जरूरी है।
सरकार की योजनाओं के जरिए पारंपरिक व्यवसाय से जुड़े लोगों को तकनीकी प्रशिक्षण और आधुनिक उपकरण उपलब्ध कराने के साथ उनके उत्पादों को बाजार तक पहुंचाने पर जोर दिया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने उत्तर प्रदेश की ‘एक जनपद-एक उत्पाद’ (ODOP) पहल का भी उल्लेख किया। इसके माध्यम से अलग-अलग जिलों के पारंपरिक उत्पादों और स्थानीय हुनर को पहचान दिलाने का प्रयास किया जा रहा है।
स्थानीय शिल्प, हस्तकला और स्वदेशी उत्पादों को बाजार उपलब्ध होने से कारीगरों के लिए रोजगार और आय के नए अवसर पैदा करने की दिशा में मदद मिल सकती है।
विश्वकर्मा जयंती के अवसर पर सीएम योगी ने प्रदेशवासियों से स्थानीय कारीगरों और स्वदेशी उत्पादों को प्रोत्साहित करने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि स्थानीय स्तर पर बने उत्पादों को बढ़ावा देने से पारंपरिक हुनर को संरक्षण मिलेगा और कारीगरों की आजीविका को भी मजबूती मिलेगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि श्रम और कौशल का सम्मान समाज की प्रगति के लिए जरूरी है। कारीगरों और शिल्पकारों का हुनर भारत की पारंपरिक विरासत का हिस्सा है। इसे आधुनिक तकनीक और बाजार से जोड़कर नई पीढ़ी के लिए रोजगार के अवसर तैयार किए जा सकते हैं।
विश्वकर्मा जयंती पर सीएम योगी ने प्रदेश के हस्तशिल्पियों, कारीगरों, शिल्पकारों और अभियंताओं को शुभकामनाएं देते हुए कौशल, श्रम और सृजन की परंपरा को आगे बढ़ाने का संदेश दिया।
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Source: Filmitics







