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मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने धूरी से घर-घर जाकर शुरू की चुनाव प्रचार की मुहिम, ‘मान दा मुनाफ़ा’ को प्रचार का बनाया केंद्र

September 20, 2026 · Ashish Bajpai · 1 मिनट पढ़ें

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने रविवार को धूरी से आम आदमी पार्टी (आप) के डोर-टू-डोर चुनाव अभियान की शुरुआत करते हुए अपनी सरकार के पिछले साढ़े चार साल के काम का र…

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने रविवार को धूरी से आम आदमी पार्टी (आप) के डोर-टू-डोर चुनाव अभियान की शुरुआत करते हुए अपनी सरकार के पिछले साढ़े चार साल के काम का रिपोर्ट कार्ड सीधे लोगों के घरों तक पहुंचाने का आगाज किया. इस दौरान उन्होंने ‘मान दा मुनाफ़ा’ को चुनाव अभियान के केंद्र में रखते हुए सरकार के काम से होने वाले सीधे आर्थिक फ़ायदों पर ज़ोर दिया. उन्होंने कहा कि आज हर परिवार को मुफ़्त बिजली, स्वास्थ्य सेवाओं, शिक्षा और ‘मान-धियां सत्कार योजना’ समेत कई पहलों से सालाना 1.82 लाख रुपये का फ़ायदा मिल रहा है

चुनाव प्रचार के दौरान लोगों से मिले गर्मजोशी भरे स्वागत के बीच मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘आप’ 2022 से अब तक किए गए कामों का रिपोर्ट कार्ड लेकर हर घर तक पहुंचेगी. उन्होंने कहा कि पार्टी का चुनाव प्रचार साकारात्मक होगा और इसका केंद्र पंजाब सरकार द्वारा लोगों के लिए किए गए कामों पर होगा. उन्होंने कहा कि आप जमीनी स्तर पर किए गए कामों के आधार पर लोगों से समर्थन मांगेगी और विपक्षी पार्टियों से उनके कार्यकाल और ड्रग्स के मुद्दे पर जवाब भी मांगेगी

घर-घर जाकर मुहिम के दौरान, मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने धूरी में अलग-अलग घरों का दौरा किया और बुज़ुर्ग, महिलाएं, युवा और बच्चे सहित समाज के अलग-अलग तबके के लोगों से बातचीत की, जिसमें शामिल थे. उन्होंने लोगों की राय सुनी, सरकार द्वारा पिछले साढ़े चार साल में किए गए कामों पर चर्चा की और बताया कि कैसे अलग-अलग स्कीम और पहल से आम परिवारों को सीधा फ़ायदा हो रहा है. लोगों ने मुख्यमंत्री का गर्मजोशी से स्वागत किया, अपने अनुभव शेयर किए और सरकार द्वारा किए गए कामों की तारीफ़ की. मुख्यमंत्री ने कहा कि अब यह रिपोर्ट कार्ड पंजाब के हर घर तक पहुंचाया जाएगा

इस मुहिम की कुछ झलकियां सांझा करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने ‘एक्स’ पर लिखा, “आज हमने अपने चुनाव क्षेत्र धूरी से पार्टी का डोर-टू-डोर चुनाव मुहिम शुरू किया. हम पंजाब के लिए पिछले साढ़े चार साल में अपनी सरकार द्वारा किए गए कामों का रिपोर्ट कार्ड लेकर हर घर जाएंगे. हमने 2022 में दी गई सभी गारंटी को जमीनी स्तर पर लागू किया है. फ्री बिजली, बेहतर स्कूल और आम आदमी क्लीनिक जैसी सुविधाओं से अब हर परिवार हर महीने लगभग 15 हजार रुपये बचा रहा है. हमने अपने वादे पूरे किए हैं, इसीलिए हम आज आपके सामने सिर ऊंचा करके आए हैं.”

लोगों से बातचीत करते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “आज पंजाब में हर परिवार का आज हमारी सरकार की शुरू की गई पहलों की वजह से सालाना 1.82 लाख रुपये का फ़ायदा लाभ ले रहा है. यह कोई मनगढ़ंत आंकड़ा नहीं है. यह वह पैसा है जो अब किसी परिवार को बिजली, हेल्थ सर्विस, शिक्षा और दूसरी ज़रूरी सुविधाओं के लिए अपनी जेब से खर्च नहीं करना पड़ता. मैं चाहता हूं कि हर परिवार बैठकर खुद हिसाब लगाए कि वे हर महीने कितनी बचत कर रहे हैं. यही ‘मान दा मुनाफ़ा’ का असली मतलब है.”

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की जनकल्याणकारी पहलों ने ज़रूरी सेवाओं पर परिवारों का आर्थिक बोझ कम किया है, जिससे लोग अपनी मेहनत की कमाई का इस्तेमाल घर की दूसरी ज़रूरतों के लिए कर सकते हैं. उन्होंने कहा, “मुफ़्त बिजली, हेल्थकेयर, शिक्षा और ‘मावां-धियां सत्कार योजना’ लोगों को उनकी मेहनत की कमाई बचाने में मदद कर रही है. पंजाब में लाखों परिवारों को ज़ीरो बिजली बिल मिल रहे हैं. इसका मतलब है कि जो पैसा पहले बिजली बिल पर खर्च होता था, वह अब बच्चों, घरों और खेती की ज़रूरतों के लिए इस्तेमाल किया जा सकता है. प्राइमरी हेल्थकेयर सेवाओं के बढ़ने से, किसी भी परिवार को बुखार, आम चेक-अप या बेसिक डायग्नोस्टिक टेस्ट के लिए लोन लेने या अपनी बचत खर्च करने की ज़रूरत नहीं है.”

उन्होंने कहा, “सरकारी स्कूलों में सुधारों से माता-पिता का अपने बच्चों को महंगी प्राइवेट फीस दिए बिना बेहतर शिक्षा देने का भरोसा बढ़ा है. इन फ़ैसलों के पीछे सोच बहुत साफ़ है – आम आदमी का पैसा आम आदमी पर खर्च होना चाहिए. सरकारी रेवेन्यू उन लोगों का है जो इसे कमाते हैं और यह पैसा लोगों को उन सेवाओं के रूप में वापस जाना चाहिए जिन्हें वे देख, इस्तेमाल और महसूस कर सकें.”

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “दशकों से पंजाब के लोग टैक्स देते आए हैं, लेकिन उन्हें उनके हिस्से के हिसाब से सुविधाएं नहीं मिलीं. हमारी सरकार इस कमी को पूरा करने के लिए काम कर रही है. इसके लिए रिसोर्स को खास लोगों के बजाय आम परिवारों की तरफ मोड़ा जा रहा है. ‘मान का मुनाफा’ हर परिवार के लिए एक सीधा सवाल है – आज आपका परिवार पहले से कितना बेहतर है? हिसाब लगाएं कि आप हर महीने कितनी बचत कर रहे हैं और यह जवाब किसी भी चुनावी भाषण से ज़्यादा प्रभावशाली होगा.”

ग्रामीण विकास के बारे में बात करते हुए, मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार ने गांवों तक सरकारी रिसोर्स पहुंचने के तरीके में बदलाव किया है और गांव-स्तर के विकास को अपनी पॉलिसी का अहम हिस्सा बनाया है. उन्होंने कहा, “पंजाब के इतिहास में पहली बार, हर गांव को विकास के कामों के लिए सरकार की तरफ से करोड़ों रुपये दिए जा रहे हैं. राज्य भर की पंचायतों को गलियों, नालियों, पानी की सप्लाई, कम्युनिटी बिल्डिंग, खेल के मैदान, स्ट्रीट लाइट और गांवों द्वारा खुद तय किए गए दूसरे विकास के कामों के लिए फंड दिए जा रहे हैं. यह बदलाव सिर्फ फंड की रकम में ही नहीं, बल्कि उनके बंटवारे के तरीके में भी आया है.”

उन्होंने कहा, “अब हर गांव, चाहे उसने किसी भी पार्टी को समर्थन किया हो, उसे राज्य के रिसोर्स का बराबर का फायदा उठाने वाला माना जा रहा है. जो पैसा खर्च हो रहा है, वह किसी पार्टी या नेता का नहीं, बल्कि पूरे पंजाब के लोगों का है. पिछली सरकारों ने लंबे समय तक सिर्फ कुछ खास चुनाव क्षेत्रों पर ही केंद्र किया और बाकी इलाकों को नजरअंदाज किया. हमारा तरीका गांव को विकास की बेसिक यूनिट के तौर पर मजबूत करना है.”

मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि पंजाब के अंदर युवाओं के लिए बेहतर मौके बनाने और बेसिक सुविधाओं की तलाश में उनके माइग्रेशन को कम करने के लिए गांवों का इंफ्रास्ट्रक्चर मजबूत करना भी जरूरी है. उन्होंने कहा, “हर गांव में बेहतर सड़कें, भरोसेमंद पानी की सप्लाई, अच्छे से चलने वाले स्कूल और आसानी से पहुंचने वाले हेल्थ सेंटर एक खुशहाल पंजाब की नींव हैं. हमारे युवाओं को सिर्फ इसलिए अपना घर छोड़ने के लिए मजबूर नहीं होना चाहिए क्योंकि उनके गांवों में जरूरी सुविधाएं नहीं हैं. इस इन्वेस्टमेंट के नतीजे अलग-अलग जिलों में हो रहे डेवलपमेंट के कामों की रफ्तार में पहले से ही दिख रहे हैं और लोग खुद देख सकते हैं कि उनके और आस-पास के गांवों में प्रोजेक्ट पूरे हो रहे हैं.”

मुहिम की रणनीति पर मुख्यमंत्री ने कहा कि आप अपना मुहिम निजी हमलों या नाकारात्मकता के बजाय सरकार के काम पर केंद्र करेगी. उन्होंने कहा, “हमारा पूरा मुहिम साकारात्मक होगा और हम सिर्फ अपने काम के बारे में बात करेंगे. हम अपना रिकॉर्ड लोगों के सामने रखेंगे और उन्हें उसका आकलन करने देंगे. हम गाली-गलौज और नाकारात्मक के आधार पर मुहिम नहीं करेंगे. हमारे वर्कर और उम्मीदवार हर चुनाव क्षेत्र में एक ही मैसेज ले जाएंगे – परिवारों के लिए बचत, गांवों का विकास और जनता का पैसा जनता की भलाई पर खर्च.” मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “2022 की तरह, एक बार फिर हमें पूरे पंजाब के लोगों का प्यार और आशीर्वाद मिल रहा है. धूरी में परिवारों ने जो प्यार दिखाया है, वह पूरे राज्य में दिखाई देने वाली भावना की झलक है. लोगों का यह सपोर्ट हम पर एक बड़ी जिम्मेदारी भी डालता है और हम उसी कमिटमेंट के साथ काम करते रहेंगे जिसके साथ हमने शुरुआत की थी.”

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Source: NewsNationTV

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