लखनऊ में घर और प्लॉट खरीदने का इंतजार कर रहे लोगों के लिए बड़ी खबर है. लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) की नैमिष नगर और वरुण विहार टाउनशिप योजनाओं का शुभारंभ मुख्यमं…
लखनऊ में घर और प्लॉट खरीदने का इंतजार कर रहे लोगों के लिए बड़ी खबर है. लखनऊ विकास प्राधिकरण (LDA) की नैमिष नगर और वरुण विहार टाउनशिप योजनाओं का शुभारंभ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ करेंगे. बुधवार शाम करीब चार बजे मुख्यमंत्री दोनों योजनाओं का भूमि पूजन करेंगे. इसी के साथ आवासीय भूखंडों के पंजीकरण की प्रक्रिया भी शुरू हो जाएगी. इन दोनों योजनाओं के अलावा एलडीए की पांच अपार्टमेंट परियोजनाओं का भी शिलान्यास किया जाएगा. नैमिष नगर और वरुण विहार में कुल 4526 आवासीय भूखंड उपलब्ध कराए जा रहे हैं
दोनों आवासीय योजनाओं में भूखंडों के लिए पंजीकरण 24 सितंबर से 24 अक्टूबर तक किया जा सकेगा. यानी इच्छुक लोगों को आवेदन के लिए करीब एक महीने का समय मिलेगा. एलडीए ने अलग-अलग आकार के भूखंडों के लिए अलग दरें तय की हैं. वरुण विहार और नैमिष नगर में भूखंडों की कीमत भी अलग रखी गई है
आगरा एक्सप्रेसवे के आसपास विकसित की जा रही वरुण विहार योजना में कुल 2847 आवासीय भूखंड रखे गए हैं. यहां 112.5 वर्ग मीटर से लेकर 450 वर्ग मीटर तक के प्लॉट उपलब्ध होंगे. इस योजना में भूखंड की कीमत 2800 रुपये प्रति वर्ग फुट तय की गई है. योजना को आगरा एक्सप्रेसवे क्षेत्र से जोड़ने की दिशा में भी एलडीए काम कर रहा है
सीतापुर रोड के पास विकसित की जा रही नैमिष नगर योजना में 1679 आवासीय भूखंड शामिल हैं। यहां अलग-अलग आकार के प्लॉट उपलब्ध कराए जाएंगे. इनमें 72 वर्ग मीटर के 197, 112.5 वर्ग मीटर के 524, 162.5 वर्ग मीटर के 520, 200 वर्ग मीटर के 299, 288 वर्ग मीटर के 103 और 450 वर्ग मीटर के 30 भूखंड शामिल हैं. नैमिष नगर योजना में भूखंडों की कीमत 3800 रुपये प्रति वर्ग फुट निर्धारित की गई है
एलडीए के मुताबिक नैमिष नगर और वरुण विहार को मिलाकर करीब 12,600 एकड़ क्षेत्र में विकास किया जा रहा है. इन योजनाओं के जरिए लखनऊ में आवासीय सुविधाओं के साथ नए शहरी क्षेत्रों को विकसित करने की योजना है
वरुण विहार को आगरा एक्सप्रेसवे से सीधे जोड़ने के लिए एलडीए ने उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवेज औद्योगिक विकास प्राधिकरण और शासन को प्रस्ताव भेजा है. प्रस्ताव के तहत एक्सप्रेसवे से वरुण विहार में प्रवेश के लिए एक अलग रैंप बनाए जाने की योजना है. इससे एक्सप्रेसवे से आने वाले वाहन सीधे टाउनशिप में प्रवेश कर सकेंगे। हालांकि बाहर निकलते समय वाहनों को पहले की तरह सर्विस रोड का इस्तेमाल करना पड़ सकता है. चूंकि आगरा एक्सप्रेसवे UPEIDA के अधिकार क्षेत्र में आता है, इसलिए रैंप निर्माण को लेकर अंतिम निर्णय संबंधित विभागों की मंजूरी के बाद होगा
वरुण विहार और आसपास के क्षेत्रों में निर्माण और यातायात व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए अलग-अलग रास्तों से वाहनों की आवाजाही प्रस्तावित है. आगरा एक्सप्रेसवे और किसानपथ के कई अंडरपास से निकलने वाले वाहनों को घुरघुरी तालाब-मोहन रोड, बुद्धेश्वर और अन्य वैकल्पिक मार्गों से गुजरना पड़ सकता है. आगरा एक्सप्रेसवे अंडरपास, खुशहालगंज किसानपथ अंडरपास, मौंदा चौराहा, बबुरियाखेड़ा, बड़ागांव, कठहिंगरा, भलिया और झलियामऊ जैसे स्थानों से आने-जाने वाले वाहनों के लिए अलग-अलग रूट का प्रस्ताव रखा गया है. इन वैकल्पिक रास्तों का उद्देश्य नए विकसित हो रहे क्षेत्र में यातायात को व्यवस्थित रखना और मुख्य मार्गों पर दबाव कम करना है
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Source: NewsNationTV







