Skip to content
September 11, 2026
ब्रेकिंग न्यूज़
मां को गालियां दीं, लेकिन मैं उन्हें माफ करता हूं… जंतर-मंतर प्रदर्शन पर पीएम मोदी की देश से बड़ी अपील, राष्ट्रपति ने पेपर लीक कानून संशोधन को दी मंजूरी, राज्यों में फास्ट ट्रैक अदालतों का रास्ता साफ *RBI का नया नियम : अब बैंकों को अपनी सभी शाखाओं में जमा पर देना होगा एकसमान ब्याज, चाहे सरकारी हो या प्राइवेट… अब चढ़ावा आठ सदस्यीय निगरानी टीम के हवाले, नई व्यवस्था 25 जुलाई से लागू विदिशा ट्रस्ट ने ‘वाइब्रेंट विदिशा’ के 15वें संस्करण का आयोजन किया; लखनऊ के गोमतीनगर क्षेत्र स्थित हुसड़िया चौराहे के पास एक पेट्रोल पंप पर पेट्रोल कम डालने के आरोप को लेकर विवाद हिंसक हो गया। बाराबंकी के सुबेहा थाना क्षेत्र में मोहर्रम का जुलूस देख रहे एक युवक पर पुरानी रंजिश के चलते चाकू से हमला किया गया। विश्व योग दिवस पर प्रेरणा वाटिका पार्क में हुआ भव्य योग कार्यक्रम।
khel

पाकिस्तान क्रिकेट के बड़े फ़ैसलों से कप्तान बाबर आज़म को क्यों दूर रखा जा रहा है?

September 10, 2026 · Ashish Bajpai · 1 मिनट पढ़ें

इंग्लैंड के ख़िलाफ़ तीन टेस्ट मैचों की सिरीज़ में पाकिस्तान की टीम ने कुछ ख़ास प्रदर्शन नहीं किया, वहीं बीच दौरे में ही हेड कोच को बर्ख़ास्त किया जाना और सात ख…

ऐसा महसूस हो रहा है कि पाकिस्तान क्रिकेट अभी तक उस तूफ़ान के असर से नहीं निकल पाई है, जिसने पिछले दिनों उसे बुरी तरह अपनी चपेट में ले लिया था

इंग्लैंड के ख़िलाफ़ सीरीज़ का आख़िरी टेस्ट एजबेस्टन में जारी है, लेकिन पाकिस्तान टीम ने जिस अंदाज़ में इसकी शुरुआत की है, वह यह बताने के लिए काफ़ी है कि हालात अच्छे नहीं हैं

क्योंकि पहले ही दिन उसकी पहली पारी सिर्फ़ 133 रनों पर सिमट गई और उसमें भी लंच से पहले ही उसके सात विकेट बिखर चुके थे

पाकिस्तानी टीम के प्रदर्शन पर आगे चलकर बात करते हैं, लेकिन इस समय पाकिस्तान क्रिकेट के सामने जो हालात हैं, उसका जायज़ा लेना बहुत ज़रूरी है

क्योंकि जिस अंदाज़ से दौरे के बीच ही पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने पाकिस्तान टीम के हेड कोच सरफ़राज़ अहमद और बॉलिंग कोच उमर गुल को बर्ख़ास्त कर दिया और सात खिलाड़ियों को वापस भेजकर सात दूसरे खिलाड़ियों को इंग्लैंड रवाना किया, उससे पूरी दुनिया में पाकिस्तान क्रिकेट की वाहवाही नहीं, बल्कि जग हंसाई हुई

यहां कुछ बातें ऐसी हुई हैं, जिनका ज़िक्र ज़रूरी है. पहली बात तो यह कि ये बेहद अहम फ़ैसले किसके थे

क्या बाबर आज़म कमज़ोर कप्तान हैं

एजबेस्टन टेस्ट से एक दिन पहले जब बाबर आज़म से सवाल हुआ कि क्या आप इन फ़ैसलों में शामिल थे, तो उन्होंने साफ़ इनकार कर दिया और साफ़ कह दिया कि उन्हें भी इन फ़ैसलों का बाद में पता चला. वो ख़ुद भी इस पर हैरान थे

बाबर आज़म ने यह कहकर भी अपना दामन बचाने की कोशिश की कि इस फ़ैसले के बारे में आप पीसीबी से बात करें, वह आपको ज़्यादा बेहतर सटीक बता सकेगा, बल्कि यहां तक भी कह दिया कि बोर्ड ने जो भी फ़ैसला किया है, वह सोच-समझकर किया होगा

एफ़िल टावर विवाद: स्वामीनारायण संप्रदाय में महिलाओं से दूरी की क्या दलील है

पश्चिम बंगाल सीआईडी ने अभिषेक बनर्जी के पीए को हिरासत में लिया

शी जिनपिंग के दौरे की चीन पुष्टि क्यों नहीं कर रहा, क्या भारत ने अपनी अहम मांग छोड़ दी

‘गंदे हाथ अच्छे हैं!’ फ़िनलैंड में हुई एक स्टडी में चौंकाने वाला दावा

यहां यह सवाल पैदा होता है कि इतने बड़े फ़ैसले हो गए और कप्तान तक इस सिलसिले में बेख़बर रहा

इससे तो यही ज़ाहिर होता है कि कप्तान को ख़ुद उसका बोर्ड अहमियत देने के लिए तैयार नहीं था और उनकी जानकारी में लाए बिना इतने अहम फ़ैसले कर लिए गए

लेकिन यहां कप्तान बाबर आज़म भी ख़ुद को पूरी तरह ज़िम्मेदारी से बच नहीं सकते, क्योंकि जब उन्हें यह पता चला होगा कि उनकी टीम के सात खिलाड़ियों को बीच में ही वापस भेजा जा रहा है, तो उन्होंने कप्तान की हैसियत से अपनी अथॉरिटी क्यों नहीं दिखाई

क्या उन्होंने बोर्ड से पूछा कि इन फ़ैसलों की वजह क्या है? या उन्होंने ख़ामोश रहने में ही भलाई समझी

यहां टिप्पणीकार और विश्लेषक बाबर आज़म को एक कमज़ोर कप्तान क़रार दे रहे हैं

उनका कहना है कि बाबर आज़म को अपने साथी खिलाड़ियों को वापस भेजने के फ़ैसले पर आवाज़ उठानी चाहिए थी, बल्कि बाबर आज़म के बहुत बड़े समर्थक एक पूर्व टेस्ट क्रिकेटर कहते हैं कि इंग्लैंड से वापस आने के बाद बाबर को कप्तानी छोड़ देनी चाहिए

जब पाकिस्तान के एक एक्शन से इंग्लैंड ने जीता टेस्ट मैच30 अगस्त 2026

इंग्लैंड में करारी हार के बाद पाकिस्तान क्रिकेट में उथल-पुथल, कोच और सात खिलाड़ी हटाए गए1 सितंबर 2026

किसने फ़ैसले लिए, उठ रहा सवाल

देश – दुनिया की बड़ी ख़बरें जिन्होंने बटोरी सुर्खियां

अगर ये फ़ैसले अनुशासन की वजह से थे तो बात समझ में आती है, जैसा कि मीडिया में दो खिलाड़ियों मोहम्मद रिज़वान और इमाम-उल-हक़ के ख़िलाफ़ अनुशासनात्मक जांच की बातें सामने आई हैं

पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने भी एक मीडिया रिलीज़ में इन जांचों की पुष्टि की है

हालांकि इससे पहले पीसीबी के चेयरमैन मोहसिन नक़वी ने भी हेड कोच की बर्ख़ास्तगी और सात खिलाड़ियों को वापस बुलाने के फ़ैसले को सही क़रार देते हुए कहा था कि इसके अलावा कोई दूसरा रास्ता नहीं था

उन्होंने यह भी कहा था कि इन फ़ैसलों का ताल्लुक़ सिर्फ़ प्रदर्शन से नहीं है और हम इसकी तह तक जाएंगे

पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने सरफ़राज़ अहमद को हटाकर पाकिस्तान टीम के व्हाइट बॉल हेड कोच माइक हेसन को टेस्ट टीम की भी ज़िम्मेदारी सौंपी है

जब उनसे सात खिलाड़ियों को वापस वतन भेजे जाने के बारे में पूछा गया तो उन्होंने भी यह कहकर अपना दामन बचा लिया कि वह इन फ़ैसलों में शामिल नहीं थे

सवाल यह पैदा होता है कि कप्तान और हेड कोच यह कह रहे हैं कि इन फ़ैसलों में वे शामिल नहीं थे, तो फिर ये फ़ैसले किसने किए

यहां एक नाम का ज़िक्र ज़रूरी है और वह है आक़िब जावेद, जो इस समय टीम से जुड़े हर छोटे-बड़े फ़ैसले में सबसे अहम समझे जाते हैं

यह आक़िब जावेद ही हैं, जो टीवी पर बैठकर यह कहते हैं कि हेडिंग्ले टेस्ट में टीम की हार के बाद हेड कोच सरफ़राज़ अहमद को पैग़ाम भिजवाया गया था कि वह लॉर्ड्स टेस्ट में कुछ बदलाव करें, लेकिन वे नहीं हुए

आक़िब जावेद यह भी कहते हैं कि चयन समिति ने वेस्टइंडीज़ और इंग्लैंड दौरे के लिए जो टीम चुनी थी, वह मेरिट पर थी

सवाल यह है कि प्लेइंग इलेवन खिलाना कप्तान की मर्ज़ी और ज़िम्मेदारी होती है और यह बात बाबर आज़म ने अपनी प्रेस कॉन्फ्रेंस में स्पष्ट कर दी कि उन्होंने हालात देखकर लॉर्ड्स टेस्ट में टीम खिलाई थी

फिर सिर्फ़ हेड कोच को हटाने की वजह समझ से बाहर है

फ़ास्ट बॉलर उबैद शाह और ऑलराउंडर आमिर जमाल के बारे में आक़िब जावेद ने कहा था कि ये दोनों खिलाड़ी बेंच पर बैठे हैं, उन्हें मौक़ा दिया जाए, जो नहीं हो सका

सरफ़राज़ अहमद को उबैद शाह के मामले के आधार पर बलि का बकरा बना दिया गया, लेकिन यही उबैद शाह अब एजबेस्टन टेस्ट में भी नहीं खेले

अब तो सरफ़राज़ अहमद नहीं हैं, लेकिन क्या आक़िब जावेद यही बात माइक हेसन से कह सकते हैं कि उन्हें क्यों नहीं खिलाया गया

इमरान ख़ान को लेकर क्या पाकिस्तान पर बढ़ रहा है अंतरराष्ट्रीय दबाव?30 अगस्त 2026

मोहसिन ख़ान: कोई यकीन नहीं करेगा, लेकिन मैंने रीना रॉय से शादी उनकी ख़ूबसूरती देखकर नहीं की थी24 अगस्त 2026

पाकिस्तान टीम क्यों नाकाम रही

इंग्लैंड के इस दौरे में और इससे पहले भी इस बात का ख़ूब शोर मचाया गया कि पाकिस्तान की बॉलिंग तेज़ रफ़्तार गेंदबाज़ों से ख़ाली है, लेकिन हक़ीक़त इसके बिल्कुल उलट है

मोहम्मद अब्बास, मोहम्मद अली, ख़ुर्रम शहज़ाद और अब रज़ा उल्लाह ने इस सीरीज़ में अपने तौर पर कड़ी मेहनत से बॉलिंग की है

इसका अंदाज़ा इस बात से भी लगाया जा सकता है कि जो रूट जैसा बल्लेबाज़ उनके ख़िलाफ़ एक भी बड़ी पारी खेलने में कामयाब नहीं हो सका है

असल मसला बॉलिंग नहीं, बैटिंग है, जिसने पाकिस्तान टीम को किसी भी पारी में दो सौ रन तक नहीं पहुंचने दिया है

हेडिंग्ले और लॉर्ड्स की चार पारियों और एजबेस्टन की पहली पारी पर नज़र डालें तो सिर्फ़ एक बार पाकिस्तान टीम 50 ओवर खेल पाई है

ऐसा नहीं है कि पाकिस्तान टीम अनुभवहीन बल्लेबाज़ों के साथ यह सीरीज़ खेल रही है. इस बैटिंग लाइन में बाबर आज़म, शान मसूद, सऊद शकील, अब्दुल्लाह शफ़ीक़ जैसे बल्लेबाज़ मौजूद थे. एक टेस्ट सलमान अली आगा भी खेले

बाबर आज़म यह बात तो याद दिला रहे हैं कि वेस्टइंडीज़ में वह प्लेयर ऑफ़ द सीरीज़ रहे थे, लेकिन यह बात भी भूलने वाली नहीं है कि वह दिसंबर 2022 के बाद से टेस्ट सेंचुरी स्कोर करने में कामयाब नहीं हो सके हैं और इस इंतज़ार में अब तक 39 टेस्ट पारियां गुज़र चुकी हैं

शान मसूद को इस बैटिंग लाइन में सबसे ज़्यादा इंग्लिश कंडीशंस में खेलने का अनुभव है, लेकिन वह भी इस सीरीज़ में बुरी तरह नाकाम रहे हैं

पाकिस्तान की क्रिकेट टीम में कप्तानी का कैसा ‘खेल’ चल रहा है?5 जुलाई 2026

पाकिस्तान में बांग्लादेश से मिली हार के बाद फूटा ग़ुस्सा, क्या बोले पूर्व क्रिकेटर13 मई 2026

मैदान के बाहर विवाद

एक तरफ़ टीम की मैदान में बेहद मायूस करने वाली प्रदर्शन और दूसरी तरफ़ मैदान से बाहर के विवाद भी पीछा नहीं छोड़ रहे हैं

यह सिलसिला तो उसी समय शुरू हो गया था, जब ब्रिटिश मीडिया ने पाकिस्तान टीम को इंग्लैंड का पचास साल में दौरा करने वाली सबसे कमज़ोर टीम क़रार दिया था और पाकिस्तान टीम अपने प्रदर्शन से इंग्लिश प्रेस के इस दावे को ग़लत साबित करने में नाकाम रही

टीम के इस मायूस करने वाले प्रदर्शन का एक अहम पहलू यह भी है कि इस तरह का प्रदर्शन प्रशंसकों को टीम से दूर करने का कारण बन जाता है और वे मायूस हो जाते हैं

उनका जोश और उत्साह भी फीका पड़ जाता है

यहां ऑस्ट्रेलिया के जेसन गिलेस्पी का भी ज़िक्र हो जाए, जो पाकिस्तान क्रिकेट टीम के रेड बॉल हेड कोच थे, लेकिन सिर्फ़ आठ महीने इस पद पर रहने के बाद इस्तीफ़ा देकर चले गए और अब वह लगातार पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड को निशाना बना रहे हैं

उनका ख़ास निशाना आक़िब जावेद रहे हैं, जिनके बारे में गिलेस्पी का कहना है कि आक़िब जावेद की दख़लअंदाज़ी की वजह से उनके लिए अपनी ज़िम्मेदारियां निभाना मुमकिन नहीं रहा था

अब एक ताज़ा इंटरव्यू में गिलेस्पी ने यहां तक कह दिया है कि पीसीबी को उन्हें हज़ारों डॉलर देने हैं

भारत से मिली हार को लेकर क्या बोले पाकिस्तानी फैंस?16 जून 2026

पाकिस्तान के इस क्रिकेटर पर लगा टी-20 वर्ल्ड कप के दौरान ड्रग्स लेने का आरोप23 अप्रैल 2026

आंकड़ों की नज़र में पाकिस्तानी टीम

4 फ़रवरी 2024 में जब मोहसिन नक़वी पीसीबी के चेयरमैन बने तबसे लेकर अब तक पाकिस्तान क्रिकेट टीम 17 में से सिर्फ़ 5 टेस्ट मैच जीते हैं और 12 हारे हैं

वनडे इंटरनेशनल में उसने 32 में से 17 जीते हैं और 15 हारे हैं

टी20 इंटरनेशनल में उसने 68 मैचों में से 37 जीते हैं और 28 में उसे हार का सामना करना पड़ा

इस लिहाज़ से पाकिस्तान की सफ़ेद बॉल में प्रदर्शन अपेक्षाकृत अच्छा रहा है, लेकिन आईसीसी टूर्नामेंट्स में उसका कुल प्रदर्शन काफ़ी मायूस करने वाला रहा है

इसमें वह 2024 के टी20 वर्ल्ड कप के पहले राउंड में हार गई, 2025 की चैंपियंस ट्रॉफ़ी में वह पहले ही राउंड में बाहर हो गई, 2026 के टी20 वर्ल्ड कप में वह दूसरे राउंड में बाहर हुई

इसके अलावा आईसीसी टेस्ट चैंपियनशिप के दोनों चक्रों में वह 9वें नंबर पर है

div

Source: BBC News हिन्दी

शेयर करें:

संबंधित खबरें

और खबरें

टिप्पणी करें

Your email address will not be published. Required fields are marked *