Skip to content
October 11, 2026
ब्रेकिंग न्यूज़
मां को गालियां दीं, लेकिन मैं उन्हें माफ करता हूं… जंतर-मंतर प्रदर्शन पर पीएम मोदी की देश से बड़ी अपील, राष्ट्रपति ने पेपर लीक कानून संशोधन को दी मंजूरी, राज्यों में फास्ट ट्रैक अदालतों का रास्ता साफ *RBI का नया नियम : अब बैंकों को अपनी सभी शाखाओं में जमा पर देना होगा एकसमान ब्याज, चाहे सरकारी हो या प्राइवेट… अब चढ़ावा आठ सदस्यीय निगरानी टीम के हवाले, नई व्यवस्था 25 जुलाई से लागू विदिशा ट्रस्ट ने ‘वाइब्रेंट विदिशा’ के 15वें संस्करण का आयोजन किया; लखनऊ के गोमतीनगर क्षेत्र स्थित हुसड़िया चौराहे के पास एक पेट्रोल पंप पर पेट्रोल कम डालने के आरोप को लेकर विवाद हिंसक हो गया। बाराबंकी के सुबेहा थाना क्षेत्र में मोहर्रम का जुलूस देख रहे एक युवक पर पुरानी रंजिश के चलते चाकू से हमला किया गया। विश्व योग दिवस पर प्रेरणा वाटिका पार्क में हुआ भव्य योग कार्यक्रम।
samachar

जीतू पटवारी का ऐलान, 27% OBC आरक्षण के लिए सुप्रीम कोर्ट जाएगी कांग्रेस

October 10, 2026 · Ashish Bajpai · 1 मिनट पढ़ें

भोपाल। मध्यप्रदेश में 27 प्रतिशत अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) आरक्षण को लेकर राजनीतिक विवाद तेज हो गया है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी और नेता प्रतिपक्ष उमंग…

भोपाल। मध्यप्रदेश में 27 प्रतिशत अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC) आरक्षण को लेकर राजनीतिक विवाद तेज हो गया है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी और नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने संयुक्त प्रेसवार्ता कर भाजपा सरकार पर पिछड़ा वर्ग के अधिकारों की अनदेखी करने का आरोप लगाया। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि आरक्षण के मुद्दे पर सरकार को अपनी स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए और ओबीसी समाज को न्याय दिलाने के लिए ठोस कदम उठाने चाहिए। कांग्रेस ने घोषणा की कि 27 प्रतिशत ओबीसी आरक्षण की मांग को लेकर पार्टी कानूनी और लोकतांत्रिक स्तर पर संघर्ष जारी रखेगी। जरूरत पड़ने पर इस मामले को सुप्रीम कोर्ट तक ले जाया जाएगा

भोपाल स्थित प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय में आयोजित प्रेसवार्ता के दौरान कांग्रेस नेताओं ने भाजपा सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए। उन्होंने पूछा कि आरक्षण के पक्ष में पर्याप्त और विश्वसनीय आंकड़े जुटाने के लिए पिछले छह वर्षों में क्या प्रभावी प्रयास किए गए। कांग्रेस नेताओं ने महाजन आयोग की रिपोर्ट, पुराने आंकड़ों और सीमित सर्वेक्षण के आधार पर आरक्षण से संबंधित निर्णयों की प्रक्रिया पर सवाल उठाए। उनका कहना था कि ओबीसी समाज को 27 प्रतिशत आरक्षण का लाभ दिलाने के लिए सरकार को व्यापक सामाजिक आंकड़ों और मजबूत कानूनी आधार के साथ अपना पक्ष रखना चाहिए था

नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार ओबीसी आरक्षण के मामले में प्रभावी पैरवी करने और समाज के अधिकारों की रक्षा करने में विफल रही है। उन्होंने कहा कि सरकार को स्पष्ट करना चाहिए कि न्यायालय में आरक्षण के समर्थन में पर्याप्त प्रमाण प्रस्तुत करने के लिए क्या कदम उठाए गए। सिंघार ने आबादी के अनुपात, सर्वेक्षण की प्रक्रिया और सामाजिक स्थिति से जुड़े आंकड़ों की विश्वसनीयता पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि आरक्षण जैसे महत्वपूर्ण विषय पर निर्णय लेने के लिए अद्यतन और व्यापक आंकड़ों का होना आवश्यक है। उन्होंने सरकार से यह भी पूछा कि आरक्षण से संबंधित कानूनी प्रक्रिया में सामने आई समस्याओं को दूर करने के लिए अब क्या रणनीति अपनाई जाएगी। कांग्रेस का कहना है कि इस मुद्दे पर अनिश्चितता का असर ओबीसी वर्ग के युवाओं के शैक्षणिक अवसरों और रोजगार की संभावनाओं पर पड़ सकता है

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार ने ओबीसी समाज को 27 प्रतिशत आरक्षण का लाभ दिलाने के लिए अपेक्षित गंभीरता नहीं दिखाई। उन्होंने कहा कि सरकार को न्यायालय में अपना पक्ष प्रभावी तरीके से रखने के साथ-साथ आरक्षण से जुड़े कानूनी और तथ्यात्मक पहलुओं पर भी पर्याप्त तैयारी करनी चाहिए थी। पटवारी ने आरक्षण मामले में कानूनी पैरवी पर होने वाले खर्च और उससे प्राप्त परिणामों को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि सरकार को जनता के सामने यह स्पष्ट करना चाहिए कि आरक्षण के मुद्दे पर अब तक क्या प्रयास किए गए और आगे की कार्ययोजना क्या है। उन्होंने यह भी कहा कि आरक्षण का विषय केवल राजनीतिक बयानबाजी तक सीमित नहीं है। इससे पिछड़ा वर्ग के युवाओं की शिक्षा, सरकारी नौकरियों में अवसर और भविष्य जुड़ा हुआ है। इसलिए इस मुद्दे का समाधान गंभीरता और पारदर्शिता के साथ किया जाना चाहिए

प्रेसवार्ता में जीतू पटवारी ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस 27 प्रतिशत ओबीसी आरक्षण के लिए सुप्रीम कोर्ट तक कानूनी लड़ाई लड़ने को तैयार है। उन्होंने कहा कि पार्टी इस मामले में कानूनी विशेषज्ञों की मदद लेने और आगे की रणनीति तैयार करने की दिशा में काम करेगी। कांग्रेस नेताओं ने आरक्षण के मुद्दे पर समाज के बीच जागरूकता बढ़ाने की बात भी कही। पार्टी का कहना है कि ओबीसी वर्ग को उसके अधिकारों और आरक्षण से संबंधित कानूनी स्थिति की जानकारी देने के लिए अभियान चलाया जाएगा, ताकि इस विषय पर व्यापक चर्चा हो सके

कांग्रेस ने भाजपा सरकार से मांग की कि वह 27 प्रतिशत आरक्षण के मुद्दे पर अपनी स्थिति स्पष्ट करे और ओबीसी समाज को इसका लाभ दिलाने के लिए ठोस कार्ययोजना सामने रखे। नेताओं ने कहा कि सरकार को न्यायालय में प्रभावी पैरवी करने और आरक्षण के समर्थन में आवश्यक आंकड़े प्रस्तुत करने की दिशा में गंभीरता दिखानी चाहिए। इस मुद्दे पर अब प्रदेश सरकार का अगला कदम महत्वपूर्ण माना जा रहा है। एक ओर कांग्रेस ने कानूनी संघर्ष तेज करने का संकेत दिया है, वहीं दूसरी ओर 27 प्रतिशत ओबीसी आरक्षण को लेकर राजनीतिक बहस भी तेज होती दिखाई दे रही है

div

Source: RNI News

शेयर करें:

संबंधित खबरें

और खबरें

टिप्पणी करें

Your email address will not be published. Required fields are marked *