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div class=”f46ba790″पुलिस धोखाधड़ी करने वाले आरोपियों के विषय में जानकारी जुटा रही है।div
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लखनऊ में ठगों ने दुकानदारों को वेडिंग-जोन में दुकान दिलाने के नाम पर दो लाख रुपए ठग लिए। वहीं, एक युवक से IPO खरीदने पर ज्यादा मुनाफा दिलाने और दूसरे से बाग दिलाने के नाम पर लाखों की ठगी की। पुलिस तीनों मामलों में FIR दर्ज कर जांच शुरू की है।
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गोमती नगर जोन-चार का कर्मचारी बताकर ठगी
वरदान खंड निवासी संदीप कुमार शुक्ल के मुताबिक उन्होंने खाने-पीने का व्यापार शुरू करने के लिए दुकान की तलाश कर रहे थे। नगर निगम जोन-चार ऑफिस परिसर में अभिषेक रावत नाम का युवक मिला। जिसने खुद को वहां का कर्मचारी बताते हुए 50 हजार रुपए में वेंडिग-जोन में दुकान आवंटित कराने का दावा किया।
इसके बाद संदीप ने वहां पर महावीर प्रसाद, भीष्म देव पटेल, शिवम दीक्षित और विनोद यादव लोगों के साथ अभिषेक को रुपए दिए। आरोपी को सवा दो लाख रुपए देने के बाद भी दुकान नहीं मिली।
अभिषेक ने इसका विरोध करने पर SC-ST एक्ट में फंसाने की धमकी दी। गोमती नगर इंस्पेक्टर राजेश त्रिपाठी ने बताया कि केस दर्ज कर आरोपी के विषय में पता लगाया जा रहा है।
IPO के नाम पर 46.61 लाख की ठगी
गुडंबा के कुर्सी रोड निवासी राजकुमार ने बताया कि 24 अक्टूबर को उन्हें वाट्सएप ग्रुप पर एसएमसी ग्लोबल से जोड़ा गया। जिसमें कहा गया था कि IPO लेने पर ज्यादा मुनाफा दिया जाएगा।
इसके बाद उन्होंने एक लिंक के माध्यम से एसएमसी मोबाइल ऐप डाउनलोड कर 46.61 लाख रुपए निवेश किए। IPO बेचने से मिली रकम को निकालना चाहा तो ठगों ने 10 प्रतिशत कमीशन और 10 प्रतिशत टैक्स और जमा करने को कहा। पैसा न जमा करने पर फोन बंद कर लिया।
बाग दिलाने के नाम पर 12 लाख ठगे
इंदिरा नगर निवासी विश्वनाथ राम ने महानगर थाने में बाग दिलाने के नाम पर ठगी का मुकदमा दर्ज कराया है। उनका आरोप है कि बाग खरीदने के लिए दुबग्गा निवासी मोहनलाल से मुलाकात की थी। उसने करीब 16 बिसवां बाग की कीमत 22 लाख रुपए में दिलाने की बात कही।
इसके बाद विश्वनाथ ने 12 लाख रुपए एडवांस भी ले लिए। रजिस्ट्री न कराने पर कई बार कहने पर गाली गलौज और धमकी देने लगा। इंस्पेक्टर महानगर अखिलेश मिश्र ने बताया कि पीड़ित की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर जांच की जा रही है।

