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September 10, 2026
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ट्रंप ने मिडटर्म इलेक्शन में जीत के लिए किया भारत के चुनावों जैसा वादा

September 10, 2026 · Ashish Bajpai · 1 मिनट पढ़ें

अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने अपनी गिरती अप्रूवल रेटिंग के बावजूद मतदाताओं से कहा कि वे "यह मानकर चलें कि मैं बस एक बार और बैलट पर हूँ."

डोनाल्ड ट्रंप ने वादा किया है कि अगर मिडटर्म इलेक्शन में रिपब्लिकन पार्टी का कांग्रेस पर नियंत्रण बरकरार रहता है, तो हर वयस्क अमेरिकी नागरिक को 5,000 डॉलर का “डिविडेंड” दिया जाएगा

ट्रंप की यह घोषणा भारत की चुनावी प्रक्रिया की याद दिला रही है. नई दिल्ली में अंग्रेज़ी अख़बार द हिन्दू के स्थानीय संपादक वर्गीज के जॉर्ज ने ट्रंप की घोषणा पर लिखा है कि ट्रंप भारत में चुनाव जीतने के फॉर्मूले को कॉपी कर रहे हैं

इससे पहले ट्रंप ने भारत के मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार की तारीफ़ की थी

भारत की चुनावी राजनीति में ऐसे लोकलुभावन वादे आम हैं लेकिन अमेरिका की राजनीति में यह नई बात है

कहा जा रहा है कि ट्रंप लोकलुभावन आर्थिक नीतियों की बड़ी खुराक के साथ रिपब्लिकन पार्टी की चुनावी संभावनाओं को संभालने की कोशिश कर रहे हैं

ट्रंप ने बुधवार को डलास में रिपब्लिकन पार्टी के पहले मिडटर्म कन्वेंशन की शुरुआत की रात यह घोषणा की. अपनी गिरती अप्रूवल रेटिंग के बावजूद उन्होंने मतदाताओं से कहा कि वे “यह मानकर चलें कि मैं बस एक बार और बैलट पर हूँ.”

राष्ट्रपति ने कहा कि अगर रिपब्लिकन पार्टी कांग्रेस के दोनों सदनों (सीनेट और कांग्रेस) पर अपना नियंत्रण बरकरार रखती है, तो वह मतदाताओं को 5,000 डॉलर का भुगतान देने का वादा कर सकते हैं. ट्रंप ने कहा, ”अर्थव्यवस्था के मामले में हमारी ताक़त और कामयाबी बहुत बड़ी है. ठीक वैसे ही जैसे कोई सफल कंपनी अपने शेयरधारकों को नक़द देती है.”

ब्रिटिश अख़बार फ़ाइनैंशियल टाइम्स ने लिखा है कि यह भुगतान कोविड के दौर में दिए गए डायरेक्ट स्टिमुलस चेक से भी बड़ा होगा और इसकी लागत एक ट्रिलियन डॉलर से अधिक हो सकती है. इसके लिए कांग्रेस की मंज़ूरी ज़रूरी होगी. लोगों ने कहना शुरू कर दिया है कि ट्रंप सरकारी पैसे से वोट ख़रीदने की कोशिश कर रहे हैं. ऐसे में कांग्रेस में इस पर मुहर लगना आसान नहीं होगा

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पहले भी किए थे ऐसे वादे

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यह घोषणा ट्रंप के लिए मिडटर्म इलेक्शन के अंतिम दौर में अपनी गति फिर से हासिल करने की एक नाटकीय कोशिश है. ख़राब चुनावी सर्वे के बाद रिपब्लिकन पार्टी डिफेंसिव हो गई है. इन चुनावों से तय होगा कि कांग्रेस पर किस पार्टी का नियंत्रण रहेगा

क़रीब दो घंटे चले अपने भाषण में ट्रंप ने डेमोक्रेटिक पार्टी और उसके उभरते समाजवादी धड़े को कट्टर वामपंथी पागल और जुनूनी बताया

ट्रंप ने कहा, “हम अमेरिका में कम्युनिजम को हराएंगे और अमेरिकी आज़ादी के लिए वोट करेंगे.” ट्रंप ने कहा कि अगर डेमोक्रेट्स और उनका “बेहद कट्टर वामपंथी एजेंडा” कांग्रेस पर फिर से नियंत्रण हासिल कर लेता है तो अमेरिका को “त्रासदी” का सामना करना पड़ेगा

ट्रंप का यह वादा ऐसे समय में आया है, जब सरकारी ख़र्च बढ़ने को लेकर बॉन्ड बाज़ारों में चिंता बढ़ रही है. अगर रिपब्लिकन पार्टी अपना बहुमत बरकरार भी रखती है, तो भी कई रिपब्लिकन सांसद इन नक़द भुगतानों को मंज़ूरी देने को लेकर हिचकिचा सकते हैं

अपने दूसरे कार्यकाल में ट्रंप ने टैरिफ़ से होने वाली आय से डिविडेंड देने का प्रस्ताव रखा था, लेकिन प्रशासन ने इस योजना को कभी आगे विकसित नहीं किया और न ही कैपिटल हिल पर इसे गंभीरता से विचार के लिए लिया गया

ट्रंप की इस घोषणा के बाद द बुलवार्क की आर्थिक संपादक कैथरीन रैमपेल ने एक्स पर लिखा है, ”डीओजीई डिविडेंड के तहत 5,000 डॉलर के स्टिमुलस चेक. टैरिफ़ डिविडेंड के तहत 2,000 डॉलर के स्टिमुलस चेक. ख़त्म हो रही एसीए सब्सिडी से होने वाली बचत के ज़रिए 1,000 डॉलर या उससे अधिक के चेक. अब अगर रिपब्लिकन मिडटर्म चुनाव जीतते हैं, तो 5,000 डॉलर का डिविडेंड. लेकिन अब तक इनमें से कोई भी चेक जारी नहीं किया गया है.”

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Source: BBC News हिन्दी

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