
लखनऊ में आधी रात पुलिस और गोकशों के बीच मुठभेड़ हो गई। पुलिस को चेकिंग करते देख 4 गोकश भागने लगे। पुलिस ने जब पीछा किया तो उन्होंने फायर करना शुरू कर दिया। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में एक गोकश के पैर में गोली लग गई। बाकी के उसके 3 साथी भागने में कामयाब रहे।
यह हाफ एनकाउंटर दुबग्गा थानाक्षेत्र के किसान पथ पर हुआ। घायल गोकश को पुलिस ने गिरफ्तार कर इलाज के लिए अस्पताल भेज दिया। डीसीपी पश्चिम विश्वजीत श्रीवास्तव ने बताया कि 12 सितंबर को दुबग्गा के सराय प्रेमराज गांव में गोकशी की घटना सामने आई थी।
घटना का खुलासा करने के लिए दुबग्गा पुलिस और क्राइम ब्रांच की संयुक्त टीम बनाई गई थी। जांच में वसीम समेत इस्तियाक, मोहम्मद अहमद, सूफियान और रियासत अली के नाम सामने आए थे। तभी से पुलिस इनकी तलाश कर रही थी।


पुलिस को देखकर किया फायर
इस बीच सोमवार रात करीब 11.30 बजे पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी झाकड़ बाग की तरफ से किसान पथ की सर्विस लेन होते हुए सफेद गाड़ी से काकराबाद की ओर जा रहे हैं। सूचना पर दुबग्गा, पारा और क्राइम ब्रांच की टीमों ने समरथ नगर अंडरपास के पास चेकिंग शुरू की। पुलिस को देखते ही गोकश भागने लगे। खदेड़ने पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में वसीम गोली लगने से घायल हो गया। उसे पुलिस ने पकड़ लिया, जबकि उसके तीन साथी फरार हो गए।
घायल बदमाश की पहचान कासिमपुर, हरदोई निवासी वसीम पुत्र रहीस के रूप में हुई। पुलिस ने उसके कब्जे से 315 बोर का तमंचा और कारतूस बरामद किया है। वसीम के खिलाफ गोकशी समेत कई आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। पुलिस फरार आरोपियों की तलाश में दबिश दे रही है।

