
संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष कमलेश यादव के नेतृत्व में किसानों ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा था। इसमें कुर्सी पावर हाउस में तैनात जेई विकास शुक्ला पर भ्रष्टाचार और उपभोक्ताओं के बिजली बिलों में अनियमितता का आरोप लगाया गया था। किसानों का कहना था कि अवैध तरीके से बिजली बिल बढ़ाए जा रहे हैं, जिससे ग्रामीणों में भारी आक्रोश था।
इसके अतिरिक्त, कुर्सी थाना क्षेत्र के चौकी इंचार्ज गौरव सिंह पर भी किसानों से अभद्र व्यवहार करने का आरोप लगाया गया था। संगठन के पदाधिकारियों ने बताया कि फोन पर किसानों के साथ दुर्व्यवहार किया गया, जिससे उनका आक्रोश और बढ़ गया। इन दोनों मामलों में तत्काल कार्रवाई की मांग करते हुए 26 मार्च को थाने के घेराव की चेतावनी दी गई थी।
बुधवार को एसडीएम कार्तिकेय सिंह ने तहसील परिसर में किसान यूनियन के प्रतिनिधियों को वार्ता के लिए बुलाया। वार्ता के दौरान प्रशासन ने किसानों की शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद किसान नेताओं ने धरना-प्रदर्शन स्थगित करने का निर्णय लिया।
प्रशासन की ओर से बताया गया कि जेई विकास शुक्ला को उनके पद से हटा दिया गया है। वहीं, चौकी इंचार्ज गौरव सिंह के मामले में एडिशनल एसपी विकास चंद्र त्रिपाठी द्वारा जांच कर कार्रवाई की जाएगी। कमलेश यादव ने पुष्टि की कि अधिकारियों के साथ बैठक में कार्रवाई के आश्वासन के बाद धरना स्थगित किया गया है।


