
(जिन नेपाल की महिलाओं की शादी भारत में हुई है उनसे भारत की नागरिकता प्राप्त करने का प्रमाण या दिए गए आवेदन पत्र की पावती पत्र दिखाने पर एस आई आर नोटिस का जवाब मानते हुए मतदाता सूची में नाम शामिल किया जाएगा या फिर उच्च अधिकारियों से कोई और निर्देश मिलने पर कार्रवाई की जाएगी)—– उपजिलाधिकारी मिहींपुरवा

मिहीपुरवा मिहीपुरवा- तहसील के ग्राम धर्मापुर तथा सेमरी मलमला के ग्रामीण एसआईआर की नोटिस मिलने पर विकास खंड कार्यालय के लगातार चक्कर लगा रहें हैं।
लेकिन इनको कोई विधिवत जानकारी न होने के कारण भटकते देखा गया। ग्रामीणों ने बताया कि इन दोनों गांव के जिन लोगों को एसआईआर की नोटिस मिली उनमें अधिकतर लोगों की शादी नेपाल से हुई है और एसआईआर की नोटिस में महिलाओं के शादी से पूर्व 2003 की मतदाता सूची में दर्ज नाम का ब्योरा सहित अन्य दस्तावेज मांगा जा रहा है। जबकि उनकी शादी पड़ोसी देश नेपाल में होने के कारण मांगे जाने वाले दस्तावेज मौजूद नहीं है।
ऐसी स्थिति में लोग काफी परेशान होकर नाम शामिल कराने के लिए चक्कर काटने को मजबूर हैं ग्राम धर्मापुर में नेपाल से शादी करके आई पम्मी देवी ने बताया कि कि उनकी शादी 2013 में ग्राम धर्मापुर से हुई थी और पिछले पंचायत चुनाव में वह क्षेत्र पंचायत सदस्य भी चुनी गई थी और ब्लांक प्रमुख के चुनाव में मतदान भी किया था। लेकिन एसआईआर की नोटिस उनको भी मिली है
जिसपर उन्होंने मांगें जा रहे दस्तावेज़ों के बारे बताया कि नेपाल में पिता की नागरिकता तथा नेपाली मतदाता पहचान पत्र लेकर आयी थी। लेकिन यहाँ बताया जा रहा है। कि यह दस्तावेज मान्य नहीं है अब और कौन सा प्रमाण पत्र दे जबकि इसके अलावा और कोई दस्तावेज भी मौजूद नहीं हैं।

