रुपईडीहा बहराइच। भारत-नेपाल सीमा पर स्थित नगर पंचायत रुपईडीहा में सफाई व्यवस्था की स्थिति अत्यंत खराब हो चुकी है, जिससे स्थानीय व्यापारियों और नागरिकों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। लगभग 15 दिनों से नगर पंचायत में सफाई का कार्य ठप पड़ा है, और नगर पंचायत अध्यक्ष डॉक्टर उमाशंकर तथा अधिशासी अधिकारी रामबदन यादव के बीच के विवाद के कारण इस स्थिति में सुधार नहीं हो पा रहा है।
इस कारण स्थानीय व्यापारियों एवं आम नागरिकों का गुस्सा सातवें आसमान पर हो गया।इसी को लेकर उत्तर प्रदेश व्यापार प्रतिनिधिमंडल के अध्यक्ष शैलेश जयसवाल के नेतृत्व में सैकड़ों व्यापारियों एवं स्थानीय नागरिकों ने स्टेशन रोड जाम कर के धरना प्रदर्शन किया नगर पंचायत मुर्दाबाद के नारे लगाए गए।
स्थानीय व्यापारी और नागरिकों का कहना है कि नगर पंचायत की सफाई व्यवस्था पूरी तरह से ध्वस्त हो चुकी है। बाजार में चारों ओर गंदगी का अंबार लगा हुआ है, जिससे महामारी फैलने का खतरा बढ़ गया है। रुपईडीहा में नेपाली नागरिकों की एक बड़ी संख्या प्रतिदिन आकर यहां खरीदारी करती है, और इस समय सफाई की स्थिति इतनी खराब है कि उनकी छवि भी धूमिल हो रही है।
रुपईडीहा व्यापार प्रतिनिधि मंडल के अध्यक्ष शैलेश जयसवाल ने बताया कि इस समस्या के बारे में कई बार स्थानीय तथा उच्च अधिकारियों को अवगत कराया गया, लेकिन अब तक इस पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। शैलेश जयसवाल ने यह भी कहा कि यदि यह स्थिति जल्द सुधारी नहीं जाती, तो व्यापारियों और नागरिकों को और भी बड़े प्रदर्शन करने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।
गौरतलब है कि शनिवार को व्यापारियों और नागरिकों ने स्टेशन रोड पर जाम लगा दिया, जिससे एक घंटे तक यातायात ठप हो गया। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि अगर सफाई व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ और अधिकारियों ने इस मुद्दे पर संज्ञान नहीं लिया, तो वे राष्ट्रीय राजमार्ग को जाम करने जैसे कड़े कदम उठाने पर विचार करेंगे।
स्थानीय नागरिकों और व्यापारियों ने उच्च अधिकारियों से अनुरोध किया है कि वे जल्द से जल्द इस मुद्दे का समाधान करें और नगर पंचायत के अध्यक्ष एवं अधिशासी अधिकारी के बीच विवाद को सुलझाएं, ताकि रुपईडीहा में सफाई व्यवस्था बहाल हो सके और कस्बे की छवि की रक्षा की जा सके।

