
एसडीएम ने सम्बन्धित विभागीय अधिकारियों के साथ बैठक।

मिहींपुरवा बहराइच/भारत-नेपाल सीमा से सटे 0 से 15 किलोमीटर के संवेदनशील क्षेत्र में सरकारी भूमि एवं नो-मेन्स लैंड पर किए गए अवैध अतिक्रमणों के खिलाफ निर्णायक कार्रवाई को लेकर तहसील मिहींपुरवा में उप जिलाधिकारी रामदयाल ने राजस्व, पुलिस, एसएसबी एवं वन विभाग के अधिकारियों के साथ आयोजित बैठक में कहा कि सरकारी भूमि पर अवैध कब्जे किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किए जाएंगे। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी, विधिसम्मत, नियमो के अंतर्गत और समयबद्ध तरीके से संयुक्त रूप से संपन्न की जाए ताकि आम जनमानस में प्रशासन के प्रति विश्वास और मजबूत हो।
तहसीलदार मिहींपुरवा द्वारा प्रस्तुत रिपोर्ट में बताया गया कि 0 से 15 किलोमीटर रेंज 32 ग्रामों में 274 अनाधिकृत अतिक्रमण हटाए जाने हेतु चिन्हित किए गए थे जिसमे से 271 राजस्व के तथा तीन वन विभाग की सीमा से संबंधित है। उक्त अनाधिकृत अतिक्रमण के 274 प्रकरणों के सापेक्ष में 43 राजस्व विभाग व 3 वन विभाग के अतिक्रमण को राजस्व विभाग एस एसबी व पुलिस की संयुक्त टीम द्वारा हटवा दिया गया है।
जबकि बाकी पर शीघ्र कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। एसडीएम मिहींपुरवा रामदयाल ने कहा की सीमा क्षेत्र में सुचारू प्रशासन, भूमि संरक्षण और कानून व्यवस्था बनाए रखना सर्वाेच्च प्राथमिकता है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि हटाये गये कब्ज़ों के स्थान पर दोबारा अवैध कब्ज़ा करने वालों के विरूद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाये। बैठक में मौजूद अधिकारियों द्वारा फील्ड स्तर पर समन्वय बनाकर अभियान को प्रभावी बनाने का संकल्प भी लिया गया।
इस अवसर पर पुलिस क्षेत्राधिकारी मिहींपुरवा, डिप्टी कमांडेंट एसएसबी, वन क्षेत्राधिकारी, मोतीपुर ककरहा, मुर्तिहा निशानगाड़ा धरमापुर, कतर्निया घाट व चकिया , तहसीलदार मिहींपुरवा, नायब तहसीलदार राजस्व निरीक्षक एवं संबंधित लेखपाल मौजूद रहे।

